नरेन्द्र मोदी को हराने के लिए अन्ना ने बनायीं पार्टी ...अन्ना का कोइ विरोध नहीं, पर अन्ना के पार्टी बनाने(राजनितिक विकल्प) के बयान के बाद कुछ बातें अब सवाल बन कर सामने आ गयी हैं l
1 कल तक राजनीती में कभी न आने की बात कहने वाले अन्ना आज अचानक क्यूँ बदल गए ?
2 जब एक और पूरा देश गुजरात गोरव नरेन्द्र मोदी को देश का प्रधानमंत्री बनाने के सपने देख रहा है तो इस विकल्प का क्या औचित्य.?
3 जिस तरह ह्युम ने कांग्रेस का गठन किया था, क्या उसी तर्ज पर मोदी को हराने के लिए इस नयी पार्टी का गठन किया गया है.?
4 खुले मंच से मोदी को आदमखोर और साम्प्रदायिक जैसे शब्दों का प्रयोग करने वाली टीम अन्ना क्या सत्ता में आने के बाद हिन्दुत्व को नज़रन्दाज नहीं करेगा.?
5. क्या देश का साथ और देश की भावनाओ का खिलवाड़ केवल इस राजनेतिक मंशा को पूरा करने के किया गया ? क्यूँकी मोदी जैसे देश प्रेमी और विकास चाहने वाले शख्स के रहते हमे और कोइ नहीं चाहिए था ?
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अगर अन्ना और उनकी टीम पार्टी बना के मेरे समर्थन की उम्मीद करते है तो माफ़ कीजियेगा अन्ना हजारे जी श्री मोदी के खिलाफ मुझे कोई अन्ना की पार्टी गवारा नहीं, मेरा वोट सिर्फ मोदी के लिए है l
ये पोस्ट अन्ना के विरोध में नहीं है , बस हम कहना चाहते हैं की हमे "मोदी" की जगह कोई और नहीं चाहिए........
क्यों की अब अगर देश में जनता ने किसी और पार्टी को मोका देने की सोची, तो वो इस आम जनता को जीने का दूसरा मोका नही देगी ।
65 सालो में इस कांग्रेस को कई मोके दिए हें हमने आपने, सिर्फ 1 मोका दिया था भाजपा को और उसने एक बार में ही स्वर्णिम चतुर्भुज योजना बना कर कश्मीर से कन्या कुमारी तक और दिल्ली से बंगाल तक को जोड़ दिया था ! एक योजना और देश की सारी नदियों को आपस में जोड़ने की पर उस से पहले ही सरकार को गिरा दिया गया था ।
इसलिए इस बार स्पष्ट बहुमत के साथ नरेन्द्र मोदी को प्रधानमन्त्री पद का उम्मीदवार घोषित करने के बाद ही भाजपा को वोट दे । देश के विकास के मामले में सब कुछ भुला कर कांग्रेस को साबित करके दिखाए के देश हित में जनता कुछ भी कर सकती हें । तो इस बार वोट सिर्फ भाजपा को । धन्यवाद ..........
1 कल तक राजनीती में कभी न आने की बात कहने वाले अन्ना आज अचानक क्यूँ बदल गए ?
2 जब एक और पूरा देश गुजरात गोरव नरेन्द्र मोदी को देश का प्रधानमंत्री बनाने के सपने देख रहा है तो इस विकल्प का क्या औचित्य.?
3 जिस तरह ह्युम ने कांग्रेस का गठन किया था, क्या उसी तर्ज पर मोदी को हराने के लिए इस नयी पार्टी का गठन किया गया है.?
4 खुले मंच से मोदी को आदमखोर और साम्प्रदायिक जैसे शब्दों का प्रयोग करने वाली टीम अन्ना क्या सत्ता में आने के बाद हिन्दुत्व को नज़रन्दाज नहीं करेगा.?
5. क्या देश का साथ और देश की भावनाओ का खिलवाड़ केवल इस राजनेतिक मंशा को पूरा करने के किया गया ? क्यूँकी मोदी जैसे देश प्रेमी और विकास चाहने वाले शख्स के रहते हमे और कोइ नहीं चाहिए था ?
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अगर अन्ना और उनकी टीम पार्टी बना के मेरे समर्थन की उम्मीद करते है तो माफ़ कीजियेगा अन्ना हजारे जी श्री मोदी के खिलाफ मुझे कोई अन्ना की पार्टी गवारा नहीं, मेरा वोट सिर्फ मोदी के लिए है l
ये पोस्ट अन्ना के विरोध में नहीं है , बस हम कहना चाहते हैं की हमे "मोदी" की जगह कोई और नहीं चाहिए........
क्यों की अब अगर देश में जनता ने किसी और पार्टी को मोका देने की सोची, तो वो इस आम जनता को जीने का दूसरा मोका नही देगी ।
65 सालो में इस कांग्रेस को कई मोके दिए हें हमने आपने, सिर्फ 1 मोका दिया था भाजपा को और उसने एक बार में ही स्वर्णिम चतुर्भुज योजना बना कर कश्मीर से कन्या कुमारी तक और दिल्ली से बंगाल तक को जोड़ दिया था ! एक योजना और देश की सारी नदियों को आपस में जोड़ने की पर उस से पहले ही सरकार को गिरा दिया गया था ।
इसलिए इस बार स्पष्ट बहुमत के साथ नरेन्द्र मोदी को प्रधानमन्त्री पद का उम्मीदवार घोषित करने के बाद ही भाजपा को वोट दे । देश के विकास के मामले में सब कुछ भुला कर कांग्रेस को साबित करके दिखाए के देश हित में जनता कुछ भी कर सकती हें । तो इस बार वोट सिर्फ भाजपा को । धन्यवाद ..........
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